Overview
विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना उत्तर प्रदेश के MSME एवं उद्योग विभाग की योजना है, जिसका उद्देश्य पारंपरिक हस्तशिल्पियों एवं कारीगरों के कौशल को निखारकर उन्हें स्वरोजगार से जोड़ना है। इसमें 20 चिन्हित पारंपरिक ट्रेडों के कारीगरों को 6 दिन का निःशुल्क प्रशिक्षण, आधुनिक तकनीक का ₹10,000 तक का टूलकिट तथा बैंक से रियायती ऋण की सुविधा दी जाती है।
Who it's for
Eligibility
- आवेदक उत्तर प्रदेश का निवासी हो।
- न्यूनतम आयु 18 वर्ष हो।
- 20 चिन्हित पारंपरिक ट्रेडों में से किसी एक से संबंधित हो।
- आवेदक ने पिछले दो वर्षों में इस प्रकार का कोई टूलकिट प्राप्त न किया हो।
Who is not eligible
- पिछले दो वर्षों में इसी योजना के अंतर्गत टूलकिट प्राप्त कर चुके आवेदक।
- चिन्हित 20 पारंपरिक ट्रेडों से बाहर के व्यवसाय।
Documents required
How to apply
- 1उद्योग निदेशालय के पोर्टल diupmsme.upsdc.gov.in पर प्रोफाइल बनाकर लॉगिन करें।
- 2लाभार्थी अनुभाग से 'विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना' चुनें।
- 3आवश्यक विवरण एवं दस्तावेज अपलोड कर आवेदन जमा करें।
- 4चयन के बाद प्रशिक्षण एवं टूलकिट प्रदान किया जाता है तथा बैंक से रियायती ऋण की सुविधा मिलती है।
Frequently asked questions
इस योजना में क्या लाभ मिलता है?
6 दिन का निःशुल्क प्रशिक्षण, ₹10,000 तक का आधुनिक टूलकिट तथा बैंक से रियायती ऋण (₹10,000 से ₹10 लाख तक) की सुविधा मिलती है।
कौन आवेदन कर सकता है?
उत्तर प्रदेश के 18 वर्ष से अधिक आयु के वे कारीगर जो 20 चिन्हित पारंपरिक ट्रेडों से संबंधित हैं और जिन्होंने पिछले दो वर्षों में टूलकिट प्राप्त नहीं किया है।
Disclaimer: This information is for general guidance only. ClariNexusHub is not a government body. Scheme rules and amounts can change, so always confirm the details and apply on the official portal linked below.