Overview
पश्चिम बंगाल मुर्गी एवं बत्तख वितरण योजना प्राणी संसाधन विकास विभाग द्वारा ग्रामीण परिवारों की अतिरिक्त आय एवं पोषण सुधार के लिए संचालित की जाती है। इसके अंतर्गत व्यक्तिगत लाभार्थियों एवं स्वयं सहायता समूहों (SHG) को पिछवाड़े (बैकयार्ड) मुर्गी एवं बत्तख पालन हेतु 28-दिन आयु के चूजे और बत्तख के बच्चे वितरित किए जाते हैं। यह योजना कम लागत में ग्रामीण महिलाओं एवं परिवारों को अंडा-मांस उत्पादन के माध्यम से आजीविका का अवसर देती है।
Who it's for
Eligibility
- आवेदक पश्चिम बंगाल का ग्रामीण निवासी हो
- आवेदक चयनित ग्रामीण लाभार्थी या स्वयं सहायता समूह का सदस्य हो
- आवेदक के पास पिछवाड़े में मुर्गी/बत्तख पालन की न्यूनतम व्यवस्था हो
- विभाग द्वारा निर्धारित चयन मानदंडों को पूरा करता हो
Who is not eligible
- शहरी क्षेत्र के आवेदक जो योजना के ग्रामीण लक्ष्य वर्ग में नहीं आते
- जो लाभार्थी पूर्व में इसी प्रकार की पक्षी वितरण योजना का लाभ ले चुके हैं
Documents required
How to apply
- 1नज़दीकी ब्लॉक प्राणी संसाधन विकास कार्यालय (BLDO) या पंचायत से संपर्क करें
- 2wbard.gov.in पर उपलब्ध जानकारी/प्रक्रिया के अनुसार आवेदन जमा करें
- 3दस्तावेज़ों के साथ आवेदन देकर लाभार्थी चयन सूची में शामिल हों
- 4चयन के बाद विभाग द्वारा 28-दिन आयु के चूजे एवं बत्तख के बच्चे वितरित किए जाते हैं
Frequently asked questions
इस योजना में क्या वितरित किया जाता है?
व्यक्तिगत लाभार्थियों एवं स्वयं सहायता समूहों को पिछवाड़े पालन हेतु 28-दिन आयु के चूजे एवं बत्तख के बच्चे वितरित किए जाते हैं।
इस योजना का लाभ कौन ले सकता है?
पश्चिम बंगाल के चयनित ग्रामीण लाभार्थी एवं स्वयं सहायता समूह के सदस्य इस योजना का लाभ ले सकते हैं।
Disclaimer: This information is for general guidance only. ClariNexusHub is not a government body. Scheme rules and amounts can change, so always confirm the details and apply on the official portal linked below.