Overview
यशस्विनी सहकारी किसान स्वास्थ्य देखभाल योजना कर्नाटक के सहकारिता विभाग द्वारा संचालित एक स्वास्थ्य बीमा योजना है, जो मुख्यतः ग्रामीण एवं सहकारी क्षेत्र के सदस्यों के लिए बनाई गई है। इसमें सहकारी समितियों एवं स्वयं सहायता समूहों के सदस्य किसानों, मछुआरों एवं बुनकरों को उनके पूरे परिवार सहित प्रति वर्ष ₹5 लाख तक का स्वास्थ्य कवर मिलता है, जिसमें 2,128 से अधिक शल्य एवं चिकित्सा प्रक्रियाएं शामिल हैं। सदस्यों को इसके लिए मामूली वार्षिक अंशदान देना होता है।
Who it's for
Eligibility
- सहकारी समितियों या स्वयं सहायता समूहों (SHG) के सदस्य हों
- किसान, मछुआरे या बुनकर के रूप में सदस्यता
- कम से कम 3 माह से समिति के सदस्य हों
- योजना का लाभ सदस्य के पूरे परिवार को मिलता है
Who is not eligible
- 3 माह से कम अवधि के नए सदस्य पात्र नहीं
- योजना की सूचीबद्ध 2,128+ प्रक्रियाओं में शामिल न होने वाला इलाज कवर नहीं होता
Documents required
How to apply
- 1अपनी सहकारी समिति या SHG के माध्यम से यशस्विनी सदस्यता के लिए पंजीकरण कराएं
- 2निर्धारित वार्षिक अंशदान (ग्रामीण ~₹300/शहरी ~₹710) जमा करें
- 3यशस्विनी कार्ड प्राप्त कर सूचीबद्ध अस्पताल में कैशलेस इलाज कराएं
Frequently asked questions
इस योजना में शामिल होने के लिए क्या शर्त है?
सहकारी समितियों या स्वयं सहायता समूहों के सदस्य किसान, मछुआरे या बुनकर, जो कम से कम 3 माह से सदस्य हों, इस योजना में शामिल हो सकते हैं और पूरे परिवार को कवर मिलता है।
सदस्यता के लिए कितना अंशदान देना होता है?
सदस्य को लगभग ₹300 प्रति वर्ष (ग्रामीण) या ₹710 प्रति वर्ष (शहरी) का अंशदान देना होता है, जिसके बदले प्रति परिवार प्रति वर्ष ₹5 लाख तक स्वास्थ्य कवर मिलता है।
Disclaimer: This information is for general guidance only. ClariNexusHub is not a government body. Scheme rules and amounts can change, so always confirm the details and apply on the official portal linked below.